अब अंगूठा नहीं, चेहरा देखकर लगेगी हाजिरी

रायपुर । नगर निगम में फूटे सफाई घोटाले के बाद जोन अफसर निशाने पर हैं, जिन्होंने सफाई कर्मियों की गिनती किए बगैर उनकी उपस्थिति दर्ज कर ली। इसी आधार पर उन्हें भुगतान होता चला गया। समता कॉलोनी वार्ड में कम उपस्थिति के बावजूद अधिक कर्मियों का वेतन निकला।

इस मुद्दे को लेकर निगम की खासी किरकिरी हुई। पहले मीडिया में खबरें आईं इसके बाद भाजपा पार्षदों ने महापौर पर चढ़ाई कर दी। कांग्रेस के पार्षद कहां चुप बैठने वाले थे, उन्होंने इन्हीं आरोपों पर आयुक्त रजत बंसल को घेर लिया। लेकिन अब ऐसी गड़बड़ी न हो इसके लिए ‘निष्ठा” एप लाया जा रहा है।

इसके जरिए ‘जितनी उपस्थिति, उतना वेतन” जारी होगा। बुधवार को आयुक्त बंसल ने इससे संबंधित आदेश जारी करते हुए बताया कि यह 1 अप्रैल से लागू होगा, जिसमें चेहरा देखकर उपस्थिति लगेगी। नगरीय निकायों के अधिकारियों एवं कर्मचारियों की उपस्थिति के लिए विशेष रूप से पे-रोल पर आधारित ‘निष्ठा” एप सभी आठ जोनों एवं निगम मुख्यालय में प्रभावशील होगा।

बुधवार को मुख्यालय में अपर आयुक्त आशीष टिकरिहा ने सभी जोन आयुक्तों, जोन स्वास्थ्य अधिकारियों, जोन स्वच्छता निरीक्षकों की बैठक ली, जिसमें विशेषज्ञों ने इससे जुड़ी जानकारी दी। सूडा द्वारा तैयार इस एप के लागू होते ही आधार कार्ड पर आधारित उपस्थिति बायोमेट्रिक मशीन सिस्टम खत्म हो जाएगा।

स्वच्छता सर्वेक्षण के नोडल अधिकारी हरेंद्र साहू का कहना है कि यह बेहतर एप है, इसके जरिए गड़बड़ी की आशंका खत्म हो जाएगी। सभी को करना होगा डाउनलोड ‘निष्ठा” एप का लिंक गूगल प्ले स्टोर में है, जिसे सभी अफसर-कर्मचारियों को डाउनलोड करना होगा। इससे से उपस्थिति दर्ज होगी।

बायोमेट्रिक में हो रही थी गड़बड़ी

अभी तक बायोमेट्रिक सिस्टम काम कर रहा था, जिसमें गड़बड़ियों की खासी शिकायतें थीं। वार्ड पार्षदों का कहना थी कि ठेकेदार अपनी मर्जी से इसमें अंगूठा लगवाता था। कभी अंगूठा मिलान न होना तो कभी कागजों में हेराफेरी भी हुई। इस सबकी रिपोर्ट आयुक्त के पास है, उनका कहना है कि अब वे खुद वार्डों की संपूर्ण व्यवस्था पर नजर रखेंगे।

RO-11436/55

11359/79

11363/40

Recommended For You

About the Author: india vani